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नेशनल यूथ पार्लियामेंट में उत्कृष्ट प्रदर्शन, अब संसद भवन दिल्ली जाएंगे केंद्रीय विद्यालय 2 NTPC कोरबा के आठ विद्यार्थी

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कोरबा। केंद्रीय विद्यालय नंबर 2 NTPC कोरबा के 8 होनहार बच्चों ने कोरबा और छत्तीसगढ़ को गौरवान्वित किया है। उन्होंने वाराणसी (उत्तर प्रदेश) में आयोजित नेशनल लेवल यूथ पार्लियामेंट में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर चतुर्थ स्थान हासिल किया है। विद्यालय से चयनित कोरबा के बच्चे अब राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में संसद भवन के भ्रमण पर जाने चयनित हुए हैं।


बीते दिनों वाराणसी में आयोजित इस नेशनल यूथ पार्लियामेंट में केंद्रीय एनटीपीसी में चौथी रैंक आई है। कोरबा और छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व कर अपनी प्रतिभा साबित करने वाले इन विद्यार्थियों में अंशिका तिवारी, भावना जांगड़े, सोनम बरेठ, मनन उपाध्याय, नीलाक्षी यादव, अक्षय वैष्णव, प्रतिभा करकेट्टा और संजना अग्रवाल शामिल हैं। इन बच्चों को देश के गौरव के प्रतीक संसद भवन जाने का सुनहरा मौका हासिल किया है। प्राचार्य एसके साहू के दिशा निर्देश एवं शिक्षिका साक्षी गुप्ता के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने यह सफलता अर्जित की।


केंद्रीय विद्यालय क्रमांक 2 एनटीपीसी कोरबा के प्राचार्य सुनील कुमार साहू ने कहा कि निश्चित तौर पर यह हर्ष और गौरव का अवसर है, जो हमारे इन प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने अपने शिक्षकों के मार्गदर्शन और अपनी मेहनत से हासिल किया है। इस तरह की गतिविधियों में शामिल होकर स्टूडेंट्स के व्यक्तित्व विकास और आत्मविश्वास में वृद्धि लाने में मदद मिलती है, जो उनके उज्जवल भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है।

प्राचार्य श्री साहू ने बताया कि युवा संसद प्रतियोगिता बच्चों में नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास, वक्तृत्व शैली, अभिव्यक्ति की स्पष्टता, भाषा शैली की परिपक्वता तथा लोकतांत्रिक मूल्यों का विकास होता है। विद्यालय स्तर पर आयोजित इन प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों के व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास होता है। संसदीय कार्य प्रणाली, लोकतांत्रिक प्रणाली का मुख्य आधार है। युवा संसद प्रतियोगिता के माध्यम से बच्चों में लोकतांत्रिक मूल्यों का विकास होता है। संसदीय प्रणाली क्या है और उसके क्या-क्या लाभ है। देश के विकास में उसकी क्या भूमिका है इसका संपूर्ण ज्ञान बच्चों को हो पाता है। आज के बच्चे ही देश का भविष्य होते हैं, उनमें आज से ही संसदीय प्रणाली लोकतांत्रिक मूल्यों का विकास और व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास के लिए इस प्रकार की प्रतियोगिताओं का आयोजन अत्यंत महत्वपूर्ण है। केंद्रीय विद्यालय में समय-समय पर इस प्रकार की प्रतियोगिताओं का आयोजन होता है। 

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